संविधान, विधान या शासनादेशो का परिवर्तन कितना ज़रूरी ? और किस तरह??
संविधान, विधान या शासनादेशो का परिवर्तन कितना ज़रूरी ? और किस तरह?? पीयूष अवस्थी इधर लोकसभा, राज्यसभा, विधानसभा आदि में अनेकों वाद -विवादों की स्थितियों का प्रदर्शन देखने को मिला! बात महत्वपूर्ण ये भी नहीं कि संविधान क्या है और उसका प्रारूप और परिवर्तन क्या होना चाहिए ? बल्कि विरोधाभाष की लपटों में ही घिरता…